Saturday, 2 June 2018

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बर्तनों की आवाज़ देर रात तक आ रही थी,
रसोई का नल चल रहा है,
माँ रसोई में है....

तीनों बहुऐं अपने-अपने कमरे में सोने जा चुकी,
माँ रसोई में है...

माँ का काम बकाया रह गया था,पर काम तो सबका था;
पर माँ तो अब भी सबका काम अपना ही मानती है..

दूध गर्म करके,
ठण्ड़ा करके,
जावण देना है,
ताकि सुबह बेटों को ताजा दही मिल सके;

सिंक में रखे बर्तन माँ को कचोटते हैं,
चाहे तारीख बदल जाये,सिंक साफ होना चाहिये....

बर्तनों की आवाज़ से 
बहू-बेटों की नींद खराब हो रही है;
बड़ी बहू ने बड़े बेटे से कहा;
"तुम्हारी माँ को नींद नहीं आती क्या? ना खुद सोती है और ना ही हमें सोने देती है"

मंझली ने मंझले बेटे से कहा; "अब देखना सुबह चार बजे फिर खटर-पटर चालू हो जायेगी, तुम्हारी माँ को चैन नहीं है क्या?"

छोटी ने छोटे बेटे से कहा; "प्लीज़ जाकर ये ढ़ोंग बन्द करवाओ कि रात को सिंक खाली रहना चाहिये"

माँ अब तक बर्तन माँज चुकी थी

झुकी कमर,
कठोर हथेलियां,
लटकी सी त्वचा,
जोड़ों में तकलीफ,
आँख में पका मोतियाबिन्द,
माथे पर टपकता पसीना,
पैरों में उम्र की लड़खडाहट
मगर,
दूध का गर्म पतीला
वो आज भी अपने पल्लू से उठा लेती है,
और...
उसकी अंगुलियां जलती नहीं है,
क्योंकि वो माँ है ।

दूध ठण्ड़ा हो चुका,
जावण भी लग चुका,
घड़ी की सुईयां थक गई,
मगर...
माँ ने फ्रिज में से भिण्ड़ी निकाल ली और काटने लगी;
उसको नींद नहीं आती है, क्योंकि वो माँ है!

कभी-कभी सोचता हूं कि माँ जैसे विषय पर लिखना,बोलना,बताना,जताना क़ानूनन बन्द होना चाहिये;
क्योंकि यह विषय निर्विवाद है,
क्योंकि यह रिश्ता स्वयं कसौटी है!

रात के बारह बजे सुबह की भिण्ड़ी कट गई,
अचानक याद आया कि गोली तो ली ही नहीं;
बिस्तर पर तकिये के नीचे रखी थैली निकाली,
मूनलाईट की रोशनी में 
गोली के रंग के हिसाब से मुंह में रखी और गटक कर पानी पी लिया...

बगल में एक नींद ले चुके बाबूजी ने कहा;"आ गई"
"हाँ,आज तो कोई काम ही नहीं था" 
-माँ ने जवाब दिया,

और

लेट गई,कल की चिन्ता में
पता नहीं नींद आती होगी या नहीं पर सुबह वो थकान रहित होती हैं,
क्योंकि वो माँ है!

सुबह का अलार्म बाद में बजता है,
माँ की नींद पहले खुलती है;
याद नहीं कि कभी भरी सर्दियों में भी,
माँ गर्म पानी से नहायी हो
उन्हे सर्दी नहीं लगती,
क्योंकि वो माँ है!

अखबार पढ़ती नहीं,मगर उठा कर लाती है;
चाय पीती नहीं,मगर बना कर लाती है;
जल्दी खाना खाती नहीं,मगर बना देती है,
क्योंकि वो माँ है!

माँ पर बात जीवनभर खत्म ना होगी,
शेष अगली बार...

और हाँ,अगर पढ़ते पढ़ते आँखों में आँसु आ जाये तो कृपया खुलकर रोइये और आंसू पोछ कर एक बार अपनी माँ को जादू की झप्पी जरूर दीजिये,
क्योंकि वो किसी और की नही,आपकी ही माँ है!

🙂 माँ
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खुदा कसम.💕

धड़कते दिल को मेरे....💕तेरी आहट धड़का जाती है..!!

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जब ☝तू 👱 प्यार ☺से ☝🏻मुझे 😘 💋💋💋👄💋 kɨѕѕ देती 😚 है ना 👱 janu तो ☝🏻मुझे इस😍 कड़कती 😢 गर्मी में भी😀 ठण्ड ☺लगने 😘लगती है
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मैं इस तरह अमृत (दूध)को सड़क पर फेँकने वाले आंदोलन का विरोध करता हूँ!!

मैं इस तरह अमृत (दूध)को सड़क पर फेँकने वाले आंदोलन का विरोध करता हूँ!!

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मैं समर्थन करता हूँ किसान का हक मिले और हम सब मिलकर सरकार से असहयोग करें विरोधी शहर के लोग नहीं हुक्मरान हैं सड़क पर दूध फेकने वाले क्या किसान हैं ? 
सड़कों पर दूध फेकने के फोटो और वीडियो आ रहे हैं कहा गया कि फेकने वाले किसान हैं ।
मेरे गांव के किसानों के यहां दुधारू पशु हैं यदि एक बून्द दूध नीचे गिर जाये तो वे धरती पर हाथ फेर कर माथे से लगाते हैं ।
भारत के सभी गांव के किसानों इस परम्परा के हैं । तब प्रश्न उठता है कि जो लोग सड़कों पर दूध फेक रहे हैं क्या वे वाकई किसान हैं ? क्या सड़कों पर दूध फेंकनें वाले सब्जियां बिखेरने वाले असली किसान हैं।
या पेड कार्यकर्ता है। राजनीतिक दलों को मैं ऐसे घटिया प्रदर्शन का विरोध करता हूं और यह दूध और सब्जियां को सड़कों पर फेंका जा रहा है वो भी इन फेंकने वालों की नहीं है ।जो लोग इनको सप्लाई करने जा रहे हैं। उनकी गाड़ियों को लूट कर जमीन पर फेंका जा रहा है।क्या यह सच में किसान है आंदोलन करने की भी हद होती है ।और कोई तरीका होता है क्या ऐसे आंदोलन किया जाता है ?
यही क्रांतिकारी हैं। ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करनी चाहिए यह किसान नहीं राजनैतिक चमचे हैं!
शर्म करो!!

😢😢😢पापा की लाडली,☺️☺️☺️

😢😢😢पापा की लाडली,☺️☺️☺️
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पत्नी अपने पति से कहती है...
पत्नी- पता नहीं क्या हो गया है हमारी पायल को,
कल रात को खाना भी नहीं खाया,
और रो भी रही थी...
अभी सुबह जगाने गई तो फिर से रो रही थी..
.वजह पूछी तो, बस इतना कही की...PLEASE माँ...मुझे अकेला छोड़ दो..
मुझे लगता है की शायद उसे कीसी ने प्यार में धोखा दिया है।
डर लगता है, कहीं वह खुद को नुकसान न पहुँचाये।

पति- थोड़ी खामोशी के बाद कहता है...

ठीक है मैं देखता हूँ।
इतना कहकर वह अपने बेटी के कमरे में जाते हैं ।
पिता- PAYAL...कैसी हो बेटा? 
बेटी- PLEASE PAPA..
मुझे कुछ दिनों के लिए अकेला छोड़ दीजिए।
पिता- ठीक है बेटा...मगर एक शर्त है, 
बेटी - बोलिए ।
पिता- मैं तुम्हें एक बकवास कहानी सुनाना चाहता हूँ, 
तुम सुन लो.
फिर हम तुम्हें Disturb नहीं करेंगे..ok?
बेटी- ठीक है सुनाइये।

पिता- आज से करीब 20 साल पहले एक राजा हुआ करते थे..
.बेहद अमीर ।
उनके दो बेटे थे...बड़ा बेटा बेहद आज्ञाकारी और इमान्दार था। उस राजा को अपने बड़े बेटे पर नाज था।
उसकी शादी एक खूबसूरत लड़की से कर दी गईं।
फिर वह खूबसूरत लड़की( राजा की बड़ी बहू) गर्भवती हुई।
घर मे खुशीयां ही खुशियाँ छा गई। मगर राजा की जिद थी की बेटा ही हो।
फिर राजा ने अपने बहू के गर्भ का चेकअप करवाया तो पता चला की गर्भ में लड़की है।
राजा ने बेटे को हुक्म दिया की लड़की को गिरा दिया जाए।
आखिर बड़ा बेटा आज्ञाकारी था।
ना तो करेगा नहीं।
मगर पता नहीं उस पागल बेवकूफ को क्या सूझा की...
दो दिन बाद अपना राज पाट, धन दौलत, शानो शौकत सबकुछ छोड़ के अपनी गर्भवती पत्नी को लेकर महल से गायब हो गया।
सच कहूँ तो वह बड़ा बेवकूफ और पागल था।
लोग बेटीयों को बोझ समझकर गर्भ मे नष्ट कर देते है,
और एक वह बेवकूफ पागल, एक बेटी के लिए तमाम सुख सुविधाओं को ठोकर मार दिया।
वह बाप की बात मानता तो आज उसकी जगह राजा होता।
न जाने वह बेटी के लिए पागल बाप न जाने कीस हालत में होगा ।
तभी पायल की मां वहाँ आकर कहती है की...

वह बेटी के लिए पागल शख्स और कोई नहीं...येही तेरे पिताजी हैं जो तूझे अपनी सच्ची कहानी सुना रहे हैं ।

तू कहती थी न की...मम्मी...नाना नानी को तो मैंने देख लिया , काश...पापा अनाथ न होते तो दादा दादी का चेहरा भी देख लेती...
तेरे पापा अनाथ नहीं है।
तू बड़ी होकर जिद न करे दादा दादी से मिलने की इसलिए तूझसे सच छुपाया गया।
फिर तेरे पापा ने तेरे पैदा होने के बाद एक कशम ली की...तेरे अलावा दूसरा संतान फिर कभी नहीं बनाएंगे। 
अखबार मे इश्तहार देकर तेरे दादा दादी ने बेटी को लेकर ही वापस आने को कहा...
मैंने भी जोर दिया वापस जाने को...मगर तूझे गोदी मे उठाकर तेरे पापा ने बस इतना ही कहा।

जिस घर में मेरी princess की...हत्या का फरमान निकाला गया हो..वहाँ एक राजा कैसे सांसे ले सकता है😢😢

अब नजारा अलग था।
पायल की आखो मे पापा के लिए सम्मान उनकी मोहब्बत के लिए ढेरों सारा प्यार और उनकी कुर्बानी के लिए इबादत करने जी कर रहा था।

आंशू थमने का नाम नहीं ले रहे थे मगर सबकुछ अब सिर्फ पापा के लिए था। 

पापा ने बस आखरी शब्द इतना ही कहा अपनी बेटी को...

मैं नहीं जानता बेटा, की दुनिया तेरे बारे मे क्या सोचती है।
मगर तू मेरे लिए बेहद अनमोल है।

भले मैं आज कहीं का राजा नहीं रहा...
मगर तू कल भी आज भी और सदा ही...
मेरी PRINCESS ही रहेगी।

बेटी ने दौड़कर अपने पापा को गले लगाकर रोते हुए कहा...
आप असली राजा हो 
और मैं आपकी PRINCESS...
सबकी पलके गीली थी,
मगर वह एक नई सुबह की शुरुआत थी जंहा PRINCESS फिर से अपने सियासत में लौट आई थी।

बेटियां माता पिता की जान होती है,
उनकी आन ,बान,और शान होती है,

बाप बेटी के प्यार की अद्भुत दास्तान -


बाप बेटी के प्यार की अद्भुत दास्तान - :)
इस फोटो को देखकर आप सबके मन मे तरह तरह के विचार आयेंगे, लेकिन इस फोटो की सच्चाई जानकर आपकी आँखो मे आँसू आ जायेंगे...! 😢
.
ये फोटो यूरोप के एक पेंटर "मुरीलो" ने बनाया है! यूरोप के एक देश मे एक आदमी को भूखे मरने की सजा मिली,
उसे एक जेल मे बंद किया गया, 
सजा ऐसी थी की जब तक उसकी मौत नही हो जाती तब तक उसे भूखा रखा जाय! 
.
उसकी बेटी ने अपने पिता से मिलने के लिये सरकार से अनुरोध किया कि वह हर रोज अपने पिता से मिलेगी! 
.
उसे मिलने की इजाजत दे दी गयी, 
मिलने से पहले उसकी तलाशी ली जाती कि वह कोई खाने का सामान न ले जा सके।
.
उसे अपने पिता की हालत देखी नही गयी! वो अपने पिता को जिंदा रखने के लिये अपना दूध पिलाने लगी! 
.
जब कई दिन बीत जाने पर भी वो आदमी नही मरा तो पहरेदारों को शक हो गया और उन्होंने उस लड़की को अपने पिता को अपना दुध पिलाते पकड़ लिया, 
उस पर मुकदमा चला, और सरकार ने कानून से हटकर भावनात्मक फैसला सुनाया, 
उन दोनो को रिहा कर दिया गया। 
.
ये पेंटिंग युरोप की सबसे महँगी पेंटिंग है...!!
.
नारी कोई भी रूप में हो चाहे माँ हो चाहे पत्नी हो चाहे बहन हो चाहे बेटी...
हर रूप में वात्सल्य त्याग और ममता की मूरत है। 
.
नारी का सम्मान करो.l l,l🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏
Image result for बाप बेटी के प्यार की अद्भुत दास्तान - :)

मुश्किल होता है जवाब देना.. जब कोई

मुश्किल होता है जवाब देना.. जब कोई
खामोश रह कर भी.. सवाल कर लेता है... 


आज मौसम कितना खुश गंवार हो गया
खत्म सभी का इंतज़ार हो गया
बारिश की बूंदे गिरी कुछ इस तरह से
लगा जैसे आसमान को ज़मीन से प्यार हो गया...


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दूरिया से फ़र्क नही पड़ता है,
बात तो दिलो की नज़दीकियो से होती है .
दिल के रिश्ते तो किस्मत से बनते है,
वरना मुलाक़ात तो जाने कितनो से होती है

उसने मेरी हथेली पर अपनी...
नाजुक सी उँगली से लिखा .....
मुझे प्यार है तुमसे.................
न जाने कैसी स्याही थी की ........
वो लफ्ज़ मिटे भी नहीं और ........
आज तक दिखे भी नहीं ..............

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💕💕वो वारिस के मौसम में मिट्टी की जो महक आती है
कुछ यूहीं ये फिजा हो जाती है जब वो मुस्कुराती है //💕💕

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पूछ रही है आज मेरी हर शायरी मुझसे
कहाँ गए वो दीवाने जो वाह वाह किया करते थे


मंज़र भी बेनूर थे और फ़िज़ाएं भी बेरंग थी,
बस तुम याद आये और मौसम सुहाना हो गया..


दर्द किसको नही इस जमाने मे

दर्द किस को नही
इस जमाने मे
कहीं थोड़ा कहीं ज्यादा
कहीं बेहिसाब....

मुकम्मल जिंदगी हो तो
फिर मजा भी क्या जीने मे







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#गवाॅर......


थोड़ा लम्बा प्रसंग है मगर ध्यान से पढ़े।
#गवाॅर...... 
एक लड़की की शादी उसकी मर्जी के खिलाफ एक सिधे
साधे लड़के से की जाती है जिसके घर मे एक मां के आलावा
और कोई नहीं है।
दहेज मे लड़के को बहुत सारे उपहार और पैसे मिले होते हैं ।
लड़की किसी और लड़के से बेहद प्यार करती थी और लड़का
भी...
लड़की शादी होके आ गयी अपने ससुराल...सुहागरात के
वक्त लड़का दूध लेके आता है तो दुल्हन सवाल पूछती है
अपने पति से...एक पत्नी की मर्जी के बिना पति उसको
हाथ लगाये तो उसे बलात्कार कहते है या हक?
पति - आपको इतनी लम्बी और गहरी जाने की कोई
जरूरत नहीं है..
बस दूध लाया हूँ पी लिजीयेगा.. . हम सिर्फ आपको शुभ
रात्रि कहने आये थे कहके कमरे से निकल जाता है। लड़की
मन मारकर रह जाती है क्योंकि लड़की चाहती थी की
झगड़ा हो ताकी मैं इस गंवार से पिछा छुटा सकूँ ।
है तो दुल्हन मगर घर का कोई भी काम नहीं करती। बस
दिनभर online रहती और न जाने किस किस से बातें
करती मगर उधर लड़के की माँ बिना शिकायत के दिन भर
चुल्हा चौका से लेकर घर का सारा काम करती मगर हर
पल अपने होंठों पर मुस्कुराहट लेके फिरती । लड़का एक
कम्पनी मे छोटा सा मुलाजीम है और बेहद ही मेहनती और
इमानदार। करीब महीने भर बित गये मगर पति पत्नी
अब तक साथ नहीं सोये... वैसे लड़का बहुत शांत स्वाभाव
वाला था इसलिए वह ज्यादा बातें नहीं करता था, बस
खाने के वक्त अपनी पत्नी से पूछ लेता था कि... .कहा
खाओगी..अपने कमरे मे या हमारे साथ। और सोने से पहले
डायरी लिखने की आदत थी जो वह हर रात को लिखता
था।
ऐसे लड़की के पास एक स्कूटी था वह हर रोज बाहर
जाती थी पति के अफीस जाने के बाद और पति के वापस
लौटते ही आ जाती थी। छुट्टी का दिन था लड़का भी
घर पे ही था तो लड़की ने अच्छे भले खाने को भी गंदा
कहके मा को अपशब्द बोलके खाना फेंक देती है मगर वह
शांत रहने वाला उसका पति अपनी पत्नी पर हाथ उठा
देता है मगर माँ अपने बेटे को बहुत डांटती है। इधर
लड़की को बहाना चाहिए था झगड़े का जो उसे मिल गया
था, वह पैर पटकती हुई स्कूटी लेके निकल पड़ती है। लड़की
जो रोज घर से बाहर जाती थी वह अपने प्यार से मिलने
जाती थी, लड़की भले टूटकर चाहती थी लड़के को मगर
उसे पता था की हर लड़की की एक हद होती है जिसे
इज्जत कहते है वह उसको बचाये रखी थी। इधर लड़की
अपने प्यार के पास पहुँचकर कहती है।
अब तो एक पल भी उस घर मे नहीं रहना है मुझे । आज
गंवार ने मुझपर हाथ उठाके अच्छा नही किया ।
लड़का - अरे तुमसे तो मैं कब से कहता हूँ की भाग चलो मेरे
साथ कहीं दूर मगर तुम हो की आज कल आज कल पे लगी
रहती हो।
लड़की - शादी के दिन मैं आई थी तो तुम्हारे पास। तुम
ही ने तो लौटाया था मुझे ।
लड़का - खाली हाथ कहा तक भागोगे तुम ही बोलो..मैंने
तो कहा था कि कुछ पैसे और गहने साथ ले लो तुम तो
खाली हाथ आई थी।
आखिर दूर एक नयी जगह मे जिंदगी नये सिरे से शुरू करने के
लिए पैसे तो चाहिए न?
लड़की - तुम्हारे और मेरे प्यार के बारे मे जानकर मेरे
घरवालो ने बैंक के पास बुक एटी एम और मेरे गहने तक रख
लिये थे। तो मैं क्या लाती अपने साथ । हम दोनों मेहनत
करके कमा भी तो सकते थे।
लड़का - चलाकर इंसान पहले सोचता है और फिर काम
करता है। खाली हाथ भागते तो ये इश्क का भूत दो दिन
मे उतर जाता समझी?
और जब भी तुम्हें छुना चाहता हूँ बहुत नखरे है तुम्हारे ।
बस कहती हो शादी के बाद ।
लड़की - हाँ शादी के बाद ही अच्छा होता है ये सब और
सब तुम्हारा तो है। मैं आज भी एक कुवारी लड़की हूँ ।
शादी करके भी आज तक उस गंवार के साथ सो न सकी
क्योंकि तुम्हें ही अपना पति मान चुकी हूँ बस तुम्हारे
नाम की सिंदूर लगानी बाकी है। बस वह लगा दो सबकुछ
तुम अपनी मर्जी से करना।
लड़का - ठीक है मैं तैयार हूँ । मगर इस बार कुछ पैसे जरूर
साथ लेके आना, मत सोचना हम दौलत से प्यार करते हैं ।
हम सिर्फ तुमसे प्यार करते है बस कुछ छोटी मोटी
बिजनेस के लिए पैसे चाहिए ।
लड़की - उस गंवार के पास कहा होगा पैसा, मेरे बाप से
3 लाख रूपया उपर से मारूती कार लि है।
बस कुछ गहने है वह लेके आउगी आज।
लड़का लड़की को होटल का पता देकर चला जाता है ।
लड़की घर आके फिर से लड़ाई करती है।
मगर अफसोस वह अकेली चिल्लाती रहती है उससे लड़ने
वाला कोई नहीं था।
रात 8 बजे लड़के का मैसेज आता है वाटसप पे की कब आ
रही हो?
लड़की जवाब देती है सब्र करो कोई सोया नहीं है। मैं
12 बजे से पहले पहुँच जाउगी क्योंकि यंहा तुम्हारे बिना
मेरी सांसे घुटती है।
लड़का -ओके जल्दी आना। मैं होटल के बाहर खड़ा रहूंगा
bye
...
लड़की अपने पति को बोल देती है की मुझे खाना नहीं
चाहिए मैंने बाहर खा लिया है इसलिए मुझे कोई परेशान
न करे इतना कहके दरवाजा बंद करके अंदर आती है
की...पति बोलता है की...वह आलमारी से मेरी डायरी दे
दो फिर बंद करना दरवाजा। हम परेशान नहीं करेंगे ।
लड़की दरवाजा खोले बिना कहती है की चाभीया दो
अलमारी की,
लड़का - तुम्हारे बिस्तर के पैरों तले है चाबी ।
मगर लड़की दरवाजा नहीं खोलती वल्की जोर जोर से
गाना सुनने लगती है। बाहर पति कुछ देर दरवाजा
पिटता है फिर हारकर लौट जाता है। लड़की ने बड़े जोर
से गाना बजा रखा था। फिर वह आलमारी खोलके देखती
है जो उसने पहली बार खोला था, क्योंकि वह अपना
समान अलग आलमारी मे रखती थी।
आलमारी खोलते ही हैरान रह जाती है। आलमारी मे
उसके अपने पास बुक एटी एम कार्ड थे जो उसके घरवालो
ने छीन के रखे थे
खोलके चेक किया तो उसमें वह पैसे भी एड थे जो दहेज मे
लड़के को मिले थे। और बहुत सारे गहने भी जो एक पेपर के
साथ थे और उसकी मिल्कीयेत लड़की के नाम थी, लड़की
बेहद हैरान और परेशान थी। फिर उसकी नजर डायरी मे
पड़ती है और वह जल्दी से
वह डायरी निकालके पढ़ने लगती है।
लिखा था, तुम्हारे पापा ने एक दिन मेरी मां की जान
बचाइ थी अपना खून देकर । मैं अपनी माँ से बेहद प्यार
करता हूँ इसलिए मैंने झूककर आपके पापा को प्रणाम करके
कहा की...आपका ये अनमोल एहसान कभी नही भूलूंगा, कुछ
दिन बाद आपके पापा हमारे घर आये हमारे तुम्हारे
रिश्ते की बात लेकर मगर उन्होंने आपकी हर बात बताई
हमें की आप एक लड़के से बेहद प्यार करती हो। आपके
पापा आपकी खुशी चाहते थे इसलिए वह पहले लड़के को
जानना चाहते थे। आखिर आप अपने पापा की princess
जो थी और हर बाप अपने Princess के लिए एक अच्छा
इमानदार Prince चाहता है। आपके पापा ने खोजकर के
पता लगाया की वह लड़का बहुत सी लड़की को धोखा दे
चुका है। और पहली शादी भी हो चुकी है पर आपको बता
न सके क्योंकि उन्हें पता था की ये जो इश्क का नशा है
वह हमेशा अपनों को गैर और गैर को अपना समझता है।
ऐक बाप के मुँह से एक बेटी की कहानी सुनकर मै अचम्भीत
हो गया। हर बाप यंहा तक शायद ही सोचे। मुझे यकीन
हो गया था की एक अच्छा पति होने का सम्मान मिले न
मिले मगर एक दामाद होने की इज्जत मैं हमेशा पा सकता
हूँ।
मुझे दहेज मे मिले सारे पैसे मैंने तुम्हारे ए काउण्ट मे कर
दिए और तुम्हारे घर से मिली गाड़ी आज भी तुम्हारे घर
पे है जो मैंने इसलिए भेजी ताकी जब तुम्हें मुझसे प्यार हो
जाये तो साथ चलेंगे कही दूर घूमने। दहेज...इस नाम से
नफरत है मुझे क्योंकि मैंने इ दहेज मे अपनी बहन और बाप
को खोया है। मेरे बाप के अंतिम शब्द भी येही थे
की..कीसी बेटी के बाप से कभी एक रूपया न लेना। मर्द
हो तो कमाके खिलाना, तुम आजाद हो कहीं भी जा
सकती हो। डायरी के बिच पन्नों पर तलाक की पेपर है
जंहा मैंने पहले ही साईन कर दिया है । जब तुम्हें लगे की
अब इस गंवार के साथ नही रखना है तो साईन करके कहीं
भी अपनी सारी चिजे लेके जा सकती हो।
लड़की ...हैरान थी परेशान थी...न चाहते हुए भी गंवार के
शब्दों ने दिल को छुआ था। न चाहते हुए भी गंवार के
अनदेखे प्यार को महसूस करके पलके नम हुई थी।
आगे लिखा था, मैंने तुम्हें इसलिए मारा क्योंकि आपने मा
को गाली दी, और जो बेटा खुद के आगे मा की बेइज्जती
होते सहन कर जाये...फिर वह बेटा कैसा ।
कल आपके भी बच्चे होंगे । चाहे किसी के साथ भी हो, तब
महसूस होगी माँ की महानता और प्यार।
आपको दुल्हन बनाके हमसफर बनाने लाया हूँ जबरजस्ती
करने नहीं। जब प्यार हो जाये तो भरपूर वसूल कर लूँगा
आपसे...आपके हर गुस्ताखी का बदला हम शिद्दत से लेंगे हम
आपसे...गर आप मेरी हुई तो बेपनाह मोहब्बत करके
किसी और की हुई तो आपके हक मे दुवाये माँग के
लड़की का फोन बज रहा था जो भायब्रेशन मोड पे था,
लड़की अब दुल्हन बन चुकी थी। पलकों से आशू गिर रहे थे ।
सिसकते हुए मोबाइल से पहले सिम निकाल के तोड़ा फिर
सारा सामान जैसा था वैसे रख के न जाने कब सो गई पता
नहीं चला। सुबह देर से जागी तब तक गंवार अफीस जा
चुका था, पहले नहा धोकर साड़ी पहनी । लम्बी सी
सिंदूर डाली अपनी माँग मे फिर मंगलसूत्र ।
जबकि पहले एक टीकी जैसी साईड पे सिंदूर लगाती थी
ताकी कोई लड़का ध्यान न दे
मगर आज 10 किलोमीटर से भी दिखाई दे ऐसी लम्बी
और गाढी सिंदूर लगाई थी दुल्हन ने। फिर किचन मे जाके
सासुमा को जबर्दस्ती कमरे मे लेके तैयार होने को कहती
है। और अपने गंवार पति के लिए थोड़े नमकीन थोड़े हलुवे
और चाय बनाके अपनी स्कूटी मे सासुमा को जबर्दस्ती
बिठाकर (जबकी कुछ पता ही नहीं है उनको की बहू आज
मुझे कहा ले जा रही है बस बैठ जाती है)
फिर रास्ते मे सासुमा को पति के अफीस का पता पूछकर
अफीस पहुँच जाती है। पति हैरान रह जाता है पत्नी को
इस हालत मे देखकर।
पति - सब ठीक तो है न मां?
मगर माँ बोलती इससे पहले पत्नी गले लगाकर कहती है
की..अब सब ठीक है...I love you forever...
अफीस के लोग सब खड़े हो जाते है तो दुल्हन कहती है
की..मै इनकी धर्मपत्नी हूँ । बनवास गई थी सुबह लौटी
हूँ
अब एक महीने तक मेरे पतिदेव अफीस मे दिखाई नहीं देंगे
अफीस के लोग? ?????
दुल्हन - क्योंकि हम लम्बी छुट्टी पे जा रहे साथ साथ।
पति- पागल...
दुल्हन - आपके सादगी और भोलेपन ने बनाया है।
सभी लोग तालीया बजाते हैं और दुल्हन फिर से लिपट
जाती है अपने गंवार से ...
जंहा से वह दोबारा कभी भी छूटना नहीं चाहती।
* बड़े कड़े फैसले होते है कभी कभी हमारे अपनों की मगर
हम समझ नहीं पाते की...हमारे अपने हमारी फिकर खुद से
ज्यादा क्यों करते हैं*
* मां बाप के फैसलों का सम्मान करे*
क्योंकि ये दो ऐसे शख्स है जो आपको हमेशा दुनियादारी
से ज्यादा प्यार करते हैं ।


Indian Beautiful

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